EBLR फुल फॉर्म — EBLR का पूरा नाम क्या है?
EBLR का पूरा नाम
External Benchmark Based Lending Rate
EBLR का पूरा नाम External Benchmark Based Lending Rate है।
EBLR क्या है?
विवरण
एक्सटर्नल बेंचमार्क बेस्ड लेंडिंग रेट (ईबीएलआर) वह ऋण मूल्य निर्धारण ढांचा है जो भारतीय रिजर्व बैंक ने अक्टूबर 2019 में नए फ्लोटिंग-दर रिटेल ऋणों व छोटे व्यवसाय ऋणों के लिए अनिवार्य किया। ईबीएलआर में बैंक को ब्याज दर सीधे बाहरी बेंचमार्क, जो आमतौर पर आरबीआई रेपो रेट है, से जोड़ना होता है; स्प्रेड ही एकमात्र हिस्सा है जो बैंक तय करता है। आरबीआई जब रेपो दर बदलता है, असर अगली रीसेट तिथि, आमतौर पर तीन महीने के भीतर, उधारकर्ता तक पहुंच जाता है, जिससे मौद्रिक नीति का प्रसार एमसीएलआर की तुलना में कहीं तेज़ होता है। फ्लोटिंग दर वाले होम, कार, व्यक्तिगत व शिक्षा ऋण इसकी मुख्य परिधि हैं, और हर मंजूरी पत्र में बेंचमार्क, स्प्रेड, रीसेट आवृत्ति व दर बदलने का तरीका बताना जरूरी है। फिक्स्ड-दर ऋण और कुछ कार्यशील पूंजी सीमाएं ढांचे के बाहर हैं। इस संरचना से ऑफर की तुलना आसान होती है, क्योंकि बेंचमार्क हिस्सा सभी बैंकों में एक जैसा होता है और अंतर सिर्फ स्प्रेड व शुल्क में रहता है; साथ ही नीति दर बढ़ने पर किस्त भी बढ़ सकती है, इसलिए फ्लोटिंग दर वाले उधारकर्ताओं को इसके लिए बजट बनाकर चलना चाहिए।
English
External Benchmark Based Lending Rate (EBLR) is the loan pricing framework the Reserve Bank of India mandated in October 2019 for new floating-rate retail loans and small business advances. Under EBLR a bank must link the interest rate directly to an external benchmark, most commonly the RBI repo rate, with the spread being the only part the bank fixes. When the RBI changes the repo rate, the effect reaches the borrower at the next reset date, typically within three months, which makes transmission of monetary policy much faster than under MCLR. Housing, car, personal and education loans sanctioned as floating-rate products are the main scope of EBLR, and every sanction letter must disclose the benchmark, the spread, the reset frequency and how the rate will move. Fixed-rate loans and certain working capital limits remain outside the framework. For borrowers this structure makes offers comparable, because the benchmark component is identical across banks and only the spread and fees differ; it also means monthly instalments can rise when the policy rate increases, so floating-rate borrowers should budget for that possibility.
EBLR का अक्षर-दर-अक्षर मतलब
EBLR का पूरा नाम External Benchmark Based Lending Rate है। EBLR का हर अक्षर इस वाक्य के एक शब्द से मिलता है:
| अक्षर | शब्द |
|---|---|
| E | External |
| B | Benchmark |
| L | Lending |
| R | Rate |
EBLR कहाँ काम आता है?
लोन और क्रेडिट के संक्षिप्त नाम सैंक्शन लेटर, ईएमआई शेड्यूल और क्रेडिट रिपोर्ट में आते हैं। इन्हें समझने से आप ऑफर की तुलना कर सकते हैं और उधार की असली लागत जान सकते हैं।
संबंधित फुल फॉर्म
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
EBLR का फुल फॉर्म क्या है?+
EBLR का पूरा नाम External Benchmark Based Lending Rate है।
EBLR क्या होता है?+
एक्सटर्नल बेंचमार्क बेस्ड लेंडिंग रेट (ईबीएलआर) वह ऋण मूल्य निर्धारण ढांचा है जो भारतीय रिजर्व बैंक ने अक्टूबर 2019 में नए फ्लोटिंग-दर रिटेल ऋणों व छोटे व्यवसाय ऋणों के लिए अनिवार्य किया। ईबीएलआर में बैंक को ब्याज दर सीधे बाहरी बेंचमार्क, जो आमतौर पर आरबीआई रेपो रेट है, से जोड़ना होता है; स्प्रेड ही एकमात्र हिस्सा है जो बैंक तय करता है। आरबीआई जब रेपो दर बदलता है, असर अगली रीसेट तिथि, आमतौर पर तीन महीने के भीतर, उधारकर्ता तक पहुंच जाता है, जिससे मौद्रिक नीति का प्रसार एमसीएलआर की तुलना में कहीं तेज़ होता है। फ्लोटिंग दर वाले होम, कार, व्यक्तिगत व शिक्षा ऋण इसकी मुख्य परिधि हैं, और हर मंजूरी पत्र में बेंचमार्क, स्प्रेड, रीसेट आवृत्ति व दर बदलने का तरीका बताना जरूरी है। फिक्स्ड-दर ऋण और कुछ कार्यशील पूंजी सीमाएं ढांचे के बाहर हैं। इस संरचना से ऑफर की तुलना आसान होती है, क्योंकि बेंचमार्क हिस्सा सभी बैंकों में एक जैसा होता है और अंतर सिर्फ स्प्रेड व शुल्क में रहता है; साथ ही नीति दर बढ़ने पर किस्त भी बढ़ सकती है, इसलिए फ्लोटिंग दर वाले उधारकर्ताओं को इसके लिए बजट बनाकर चलना चाहिए।
EBLR किस काम आता है?+
EBLR (External Benchmark Based Lending Rate) लोन और क्रेडिट श्रेणी से संबंधित है। लोन और क्रेडिट के संक्षिप्त नाम सैंक्शन लेटर, ईएमआई शेड्यूल और क्रेडिट रिपोर्ट में आते हैं। इन्हें समझने से आप ऑफर की तुलना कर सकते हैं और उधार की असली लागत जान सकते हैं।
EBLR किस श्रेणी में आता है?+
EBLR लोन और क्रेडिट श्रेणी में आता है, जो हमारी डायरेक्टरी की 10 श्रेणियों में से एक है। इस डायरेक्टरी में कुल 1538 संक्षिप्त नाम हैं।